Brijmohan Agrawal left the post of minister, he submitted his resignation to the Chief Minister during the cabinet meeting in the ministry
रायपुर। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने विधायकी से इस्तीफा देने के एक दिन बाद आज मंत्री पद से इस्तीफ़ा दे दिया. अग्रवाल ने कैबिनेट की बैठक के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को अपना इस्तीफा सौंप दिया.
इसके पहले बृजमोहन अग्रवाल ने सांसद बनने के बाद सोमवार को विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह को अपना इस्तीफा सौंपा. इस दौरान विधायक अजय चंद्राकर, विधायक पुरंदर मिश्रा, अनुज शर्मा, पूर्व सांसद सुनील सोनी सहित कई नेता मौजूद थे.

इस्तीफे के बाद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा, एक नई पारी की शुरुआत कर रहा हूं. आप सभी का प्यार और दुलार मिलता रहेगा. मैं रायपुर दक्षिण की जनता से माफी मांगता हूं. मुझे विधायक का पद नई दायित्व के साथ छोड़ना पड़ा है. मैं संसद में जनहित के मुद्दों को उठाता रहूंगा. केंद्र में मंत्री नहीं बन पाने का मुझे मलाल नहीं है.
इस्तीफा से पहले बैठक
इस्तीफा देने से पहले अग्रवाल ने अपने विभागों की समीक्षा बैठक ली। जिसमें शिक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए तथा विभिन्न कार्ययोजनाओं पर चर्चा की गई। बैठक में शिक्षकों की भर्ती, वेतन विसंगति, पदोन्नति, नई शालाओं के निर्माण समेत विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा कर जानकारी ली। मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि, छत्तीसगढ़ में शिक्षा के स्तर को विश्व स्तरीय बनाने के लिए हम लगातार कार्य कर रहे हैं राज्य में शिक्षकों के 33 हजार रिक्त पदों पर मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री से स्वीकृति के बाद भर्ती प्रक्रिया शुरू की जायेगी। इसके साथ ही राज्य में वेतन विसंगति और संयुक्त संचालक, उप संचालक, प्राचार्य, व्याख्याता, उच्च वर्ग शिक्षक, प्रधानपाठक (माध्यमिक शाला) की पदोन्नति के लिए अधिकारियों को निर्देश दिया गया। मंत्री ने इन सारी विसंगतियां को जल्द से जल्द दूर करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया।



