Masters of terror, listen… Pakistan has faced defeat every time, the evil designs of terror will not succeed, PM Modi’s warning to Pakistan since Kargil
Kargil Vijay Diwas एजेंसी, द्रास। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज द्रास स्थित वॉर मेमोरियल पहुंचकर कारगिल युद्ध में शहीद होने वाले जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही उन्होंने शिंकुल ला टनल का किया शिलान्यास किया। इस दौरान पीएम मोदी ने अपने संबोधन में शहीदों के बलिदान को याद किया। साथ ही पाकिस्तान पर आतंकवाद के मुद्दे पर निशाना साधा। उन्होंने जम्मू-कश्मीर में हो रहे विकास कार्य भी गिनाए।

देश की रक्षा की बाजी लगाने वालों के नाम रहते हैं अमिट: पीएम मोदी
कारगिल में शहीदों को श्रद्धांजलि देने के बाद लोगों को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “कारगिल विजय दिवस हमें बताता है कि राष्ट्र के लिए दिये गए बलिदान अमर होते हैं. दिन, महीने वर्ष गुजरते हैं, दशक गुजरते हैं और सदियां भी गुजर जाती हैं. मगर राष्ट्र की रक्षा के लिए अपनी जान की बाजी लगाने वाले लोगों के नाम अमिट रहते हैं. कारगिल में हमने केवल युद्ध नहीं जीता था, हमने ‘सत्य, संयम और सामर्थ्य’ का अद्भुत परिचय दिया था.”
‘मातृभूमि की रक्षा के लिए बलिदान देने वाले शहीदों को करता हूं नमन’
पीएम मोदी ने कहा, “मेरा सौभाग्य है कि कारगिल युद्ध के समय मैं एक सामान्य देशवासी के रूप में अपने सैनिकों के बीच था. आज जब मैं फिर कारगिल की धरती पर हूं, तो स्वाभाविक है कि वो स्मृतियां मेरे मन में ताजा हो गई हैं. मुझे याद है कि किस तरह हमारी सेनाओं ने इतनी ऊंचाई पर, इतने कठिन युद्ध ऑपरेशन को अंजाम दिया था. मैं उन शहीदों को नमन करता हूं, जिन्होंने कारगिल में मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया.”
पाकिस्तान ने अपना अविश्वासी चेहरा दिखाया
हमने सिर्फ युद्ध नहीं जीता बल्कि सत्य, संयम और सामथ्य का परिचय दिया. भारत उस समय शांति की कोशिश कर रहा था लेकिन पाकिस्तान ने अपना अविश्वासी चेहरा दिखा दिया. सत्य के सामने असत्य और आतंकवाद की हार हुई. पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवाद को हमारे जवान पूरी ताकत से कुचलेंगे और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा. लद्दाख हो या फिर जम्मू-कश्मीर. विकास के सामने आ रही हर चुनौती को भारत परास्त कर के ही रहेगा. कुछ ही दिन बाद इस 5 अगस्त को आर्टिकल 370 का अंत हुए 5 साल पूरे होने जा रहे हैं.
बदल रही जम्मू-कश्मीर की पहचान
जम्मू-कश्मीर आज नए भविष्य और नए सपनों की बात कर रहा है. आज जम्मू-कश्मीर की पहचान G-20 जैसे ग्लोबल समिट की अहम बैठक करने के लिए हो रही है. जम्मू-कश्मीर में इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के साथ टूरिज्म सेक्टर में भी तेजी से विकास हो रहा है.
दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब देंगे
पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवाद को हमारे जवान पूरी ताकत से कुचलेंगे और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा. लद्दाख हो या फिर जम्मू-कश्मीर. विकास के सामने आ रही हर चुनौती को भारत परास्त कर के ही रहेगा. कुछ ही दिन बाद इस 5 अगस्त को आर्टिकल 370 का अंत हुए 5 साल पूरे होने जा रहे हैं.
पाकिस्तान को मुंह की खानी पड़ी
पीएम मोदी ने कहा कि पाकिस्तान ने अतीत में जितने भी दुष्प्रयास किए उसे मुंह की खानी पड़ी लेकिन पाकिस्तान ने अपने इतिहास से कुछ नहीं सीखा. वो आतंकवाद के सहारे अपने आप को प्रासंगिक बनाए रखने का प्रयास कर रहा है. लेकिन आज जब मैं उस जगह से बोल रहा हूं जहां आतंक के आकाओं को मेरी आवाज सीधे सुनाई पड़ रही है. मैं आतंकवाद के इन सरपरस्तों को कहना चाहता हूं कि उनके नापाक मंसूबे कभी कामयाब नहीं होंगे. आतंकवाद को हमारे जाबाज पूरी ताकत से कुचलेंगे. दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा.
‘लद्दाख का बजट 6 हजार करोड़ किया’
पीएम मोदी ने कहा कि मुझे याद है कोरोना के समय में कारगिल क्षेत्र के हमारे कई लोग ईरान में फंस गए थे, उन्हें वापस लाने के लिए मैंने व्यक्तिगत स्तर पर काफी प्रयास किया। ईरान से लाकर उन्हें जैसलमेर में ठहराया गया जब स्वास्थ्य की दृष्टि से पूरी तरह संतोषजनक रिपोर्ट मिले तो उनके उनके घर तक पहुंचाया गया। हमें संतोष है कि हम अनेकों कि जिंदगियों को बचा पाए। बीते 5 साल में हमने लद्दाख के बजट को 1100 करोड़ से बढ़ाकर 6 हजार करोड़ कर दिया है। यानी करीब 6 गुना की वृ्द्ध की गई है। आज ये पैसा लद्दाख के लोगों के विकास में, यहां सुविधाएं बढ़ाने में काम आ रहा है, सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा पावर सप्लाई, रोजगार लद्दाख में हर दिशा में दृश्य और परिदृश्य भी बदल रहा है।
रक्षा उत्पादों पर
पीएम ने कहा, बीते 10 वर्षों में हमने डिफेंस रिफॉर्म को रक्षा क्षेत्र की पहली प्राथमिकता बनाया है। इन रिफॉर्म के कारण, आज हमारी सेनाएं ज्यादा सक्षम हुई हैं, आत्मनिर्भर हो रही हैं। कभी भारत की गिनती हथियार मंगाने वाले देश के रूप में थी। अब भारत एक्सपोर्ट के तौर पर अपनी पहचान बना रहा है।
डिफेंस रिफॉर्म को प्राथमिकता बनाया- PM
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 13 किलोमीटर लंबी जोजिला टनल का काम भी जारी है, इसके बनने से नेशनल हाइवे नंबर 1 पर ऑल वेदर कनेक्टिविटी भी बढ़ जाएगी। हमने सीमाई इलाके में विकास में असधारण लक्ष्य तय किए हैं। सीमा सड़क संगठन ने ऐसे लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अभूतपूर्व गति से काम किया है। बीआरओ ने पिछले 3 सालों में 300 से ज्यादा इंफ्रा प्रोजोक्ट पूरे कि हैं, लद्दाख के विकास कार्य से लेकर पूर्वोत्तर में टनल तक के काम शामिल हैं। आज की वैश्विक परिस्थितियां पहले से अलग हैं, इसलिए हमारे सेना हथियारों और उपकरणों के साथ साथ कार्यकशैली और व्यवस्थाओं में भी आधुनिक होना चाहिए। इसलिए देश दशकों से डिफेंस सेक्टर में बड़े रिफॉर्म की जरूरत थी, सेना भी ऐसी मांग कर रही थी लेकिन दुर्भाग्य से पहले इसे उतना महत्व नहीं दिया गया। बीते 10 सालों में हमने डिफेंस रिफॉर्म को रक्षा क्षेत्र की पहली प्राथमिकता बनाया। इन रिफॉर्म के कारण आज हमारी सेनाएं ज्यादा सक्षम हुई हैं। आत्मनिर्भर हो रही है।
विपक्ष पर प्रधानमंत्री का करारा अटैक
पीएम मोदी ने विपक्ष पर भी अटैक किया। उन्होंने कहा कि शायद कुछ लोगों की मानसिकता भी ऐसी थी कि सेना मतलब नेताओं को सलाम करना परेड करना, हमारे लिए सेना मतलब 140 करोड़ लोगों की आस्था है। 140 करोड़ देशवासियों की शांति की गारंटी है, सेना मतलब देश की सीमाओं को सुरक्षा की गारंटी है। अग्निपथ योजना के जरिए देश ने इस महत्वपूर्ण सपने को पूरा किया। अग्निपथ का लक्ष्य सेनाओं को युवा बनाना, युद्ध के लिए निरंतर योग्य बनाए रखना है। दुर्भाग्य से राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े इतने संवेदनशील विषय को राजनीति का विषय बना दिया है। कुछ लोग सेना के इस रिफॉर्म पर भी अपने निजी स्वार्थ में राजनीति कर रहे हैं। ये वही लोग हैं जिन्होंने सेनाओं में हजारों करोड़ के घोटाले करके हमारी सेनाओं को कमजोर किया, ये वही लोग हैं जो चाहते थे कि एयरफोर्स को कभी आधुनिक फाइटर जेट न मिल पाए, ये वही लोग है जिन्होंने तेज फाइटर प्लेन को भी डिब्बे में बंद करने की कोशिश की थी।
पीएम मोदी ने बताई अग्निपथ योजना की सच्चाई
पीएम मोदी ने कहा कि सच्चाई ये है कि अग्निपथ योजना से देश का सामर्थ्य बढ़ेगा, देश का सामर्थ्यवान युवा भी मातृभूमि की सेवा के लिए आगे आएगा। अग्निवीरों को प्राथमिकाताएं के लिए प्राइवेट सेक्टर भी सामने आया है। कुछ लोगों की सोच को क्या हुआ है, ऐसा भ्रम फैला रहे हैं कि सरकार पेंशन के पैसे बचाने के लिए ये योजना लेकर आई है। जरा कोई मुझे बताए आज मोदी के शासनकाल में जो भर्ती होगा क्या आज ही उनको पेंशन देना है। उनको पेंशन देना है तो 30 साल बाद आएगी। मोदी उस समय 105 साल का होगा उसके लिए मोदी आज गाली खाएगा। क्या तर्क दे रहे हैं।



