The Neer Chetna campaign will be launched on December 31st: an initiative for the cleanliness and conservation of the Tandula River through voluntary labor.
रायपुर / बालोद जिले की जीवनरेखा तांदुला नदी को पुनर्जीवित करने की दिशा में जिला प्रशासन एक बड़ा कदम उठाने जा रहा है। 31 दिसंबर को सुबह 8 बजे से तांदुला नदी तट पर नीर चेतना अभियान का शुभारंभ वृहद श्रमदान के साथ किया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य नदी की स्वच्छता, संरक्षण और जल स्रोतों को संवारना है।

कलेक्टर ने जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और अधिकारियों के साथ बैठक कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की। कलेक्टर ने जिलेवासियों से अपील की कि वे राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित तांदुला नदी पुल के नीचे निषाद सामुदायिक भवन के पास पहुंचकर श्रमदान में भाग लें और इस अभियान को सफल बनाने में सहभागी बने।
जिले में तेजी से घटते भू-जल स्तर और संभावित जल संकट को दूर करने के उद्देश्य से जन सहयोग से श्रमदान का यह अभियान जिला प्रशासन द्वारा शुरू किया जा रहा है। कलेक्टर ने कहा कि पहले भी जिले में संचालित अभियानों का जनभागीदारी से सकारात्मक परिणाम मिला है। तांदुला नदी का संरक्षण भावी पीढी के लिए जरूरी है।
बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिभा चौधरी, जिला पंचायत के पदाधिकारियों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों ने अभियान में सक्रिय भागीदारी की बात कही। सामाजिक संगठनों ने भी इस अभियान को लेकर उपयोगी सुझाव दिए। जिला प्रशासन का मानना है कि नीर चेतना अभियान न केवल नदी को नई जिंदगी देगा, बल्कि जल संरक्षण को लेकर जनजागरूकता बढ़ाएगा।



