Two accused of stealing money from the temple donation box were arrested by the police.
कॉन्वेंट स्कूल के पास जैन मंदिर में ताला तोड़कर दानपेटी से चुराये थे रूपए

एक आरोपी हाल ही में जेल से जमानत पर छूटा, साथी के साथ मिलकर चोरी को दिया अंजाम
पुलिस ने आरोपियों से नकदी और घटना में प्रयुक्त लोहे की रॉड की जब्ती की
दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश — “पुराने चोर, बदमाशों पर पुलिस की निगाह, नकबजनी/चोरी पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी”
रायगढ़ । खरसिया क्षेत्र में मंदिर की दानपेटी से रुपए चोरी करने वाले दो आरोपियों को चौकी खरसिया पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों में एक आरोपी हाल ही में चोरी के मामले में जेल से जमानत पर रिहा हुआ था, जिसने बाहर आते ही अपने साथी के साथ मिलकर मंदिर में चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
मामले में प्रार्थी राजेन्द्र मेहता पिता स्व. रमणिक लाल मेहता उम्र 64 वर्ष निवासी सराफा लाइन वार्ड नं. 11 खरसिया ने दिनांक 06 मार्च 2026 को पुलिस चौकी खरसिया में रिपोर्ट दर्ज कराई कि कॉन्वेंट स्कूल के बगल में स्थित सामाजिक श्वेतांबर जैन मंदिर में जब वह सुबह पूजा करने पहुंचे तो मंदिर के मुख्य दरवाजे में लगा ताला टूटा हुआ था तथा अंदर रखी दानपेटी का ताला भी टूटा मिला। दानपेटी में रखे लगभग 5 से 6 हजार रुपये अज्ञात चोर द्वारा रात में चोरी कर लिए गए थे। रिपोर्ट पर पुलिस चौकी खरसिया (थाना खरसिया) में अपराध क्रमांक 93/2026 धारा 331(4), 305 (ए) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
चौकी प्रभारी खरसिया निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटना की पतासाजी शुरू की। जांच के दौरान पूर्व में मंदिर चोरी के मामलों में शामिल संदेही देव उर्फ देवा श्रीवास और उसके साथी मोनू चौहान को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने मंदिर की दानपेटी से रुपए चोरी करना स्वीकार कर लिया। आरोपी देव उर्फ देवा श्रीवास के मेमोरेंडम पर उसके कब्जे से 900 रुपये तथा घटना में प्रयुक्त एक छोटा लोहे का रॉड बरामद किया गया, वहीं आरोपी मोनू चौहान के कब्जे से 900 रुपये जप्त किए गए। दोनों आरोपियों को उनके कृत्य पर गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पूरी कार्रवाई में चौकी प्रभारी खरसिया निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी, प्रधान आरक्षक मनोज मरावी, आरक्षक साविल चंद्रा एवं आरक्षक मुकेश यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश —
“धार्मिक स्थलों में चोरी या इस प्रकार के अपराध करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे मामलों में पुलिस द्वारा सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।”




