Police take swift action in case of molestation of a minor girl, accused youth arrested
🚨 परिजनों की शिकायत पर थाना पूंजीपथरा में तत्काल अपराध दर्ज कर पुलिस ने आरोपी को दबोचा

🚨 शादी घर में पडोसी युवक ने बालिका को जबरन कमरे में ले जाकर की छेड़खानी
🚨 पूंजीपथरा पुलिस ने आरोपी को छेड़खानी, पॉक्सो के गंभीर अपराध में गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा
🚨 एसएसपी शशि मोहन सिंह का संदेश—बच्चों से जुड़े अपराध छिपाएं नहीं, तुरंत पुलिस को दें सूचना
रायगढ़ । रायगढ़ जिले के थाना पूंजीपथरा क्षेत्र में नाबालिग बालिका से छेड़खानी के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। घटना की रिपोर्ट 9 मार्च को बालिका के परिजनों द्वारा थाना पूंजीपथरा में दर्ज कराई गई, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी को पकड़ लिया।
बालिका की मां ने रिपोर्ट में बताया कि उनके घर से लगे परिवार में चचेरे देवर की शादी का मंडप लगा हुआ है और शादी के कारण घर में मेहमान आए हुए थे। दिनांक 08 मार्च 2026 की रात करीब 9.30 बजे घर के सभी लोग खाना-पीना कर रहे थे। उसी दौरान उनकी नाबालिग बेटी घर के बाहर बैठी थी, जो कुछ देर बाद आसपास दिखाई नहीं दी। परिजनों ने आसपास खोजबीन की और पड़ोसी आकाश मांझी (19 वर्ष) के घर का दरवाजा खटखटाया। दरवाजा खोलने पर आकाश मांझी खुले बदन बाहर निकला और लड़की के वहां नहीं होने की बात कही। संदेह होने पर जब परिजन उसके घर के अंदर गए तो कमरे से बालिका रोते हुए बाहर आई और बताया कि आकाश मांझी उसका हाथ पकड़कर जबरन खींचते हुए अपने कमरे के अंदर ले गया था और गलत काम करने की नीयत से अपने कपड़े उतार दिए थे, तभी घरवालों की आवाज सुनकर उसे छोड़ दिया।
महिला की रिपोर्ट पर थाना पूंजीपथरा में अपराध क्रमांक 36/2026 धारा 74 एवं 351(3) भारतीय न्याय संहिता और 8 पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर थाना प्रभारी पूंजीपथरा निरीक्षक रामकिंकर यादव ने महिला उपनिरीक्षक दीपिका निर्मलकर से बालिका का कथन दर्ज कराकर, बालिका का मेडिकल परीक्षण कराया गया। इसके बाद आरोपी को हिरासत में लेकर थाना लाया गया, जहां पूछताछ में आरोपी आकाश मांझी (19 वर्ष) ने अपना अपराध स्वीकार किया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
👉🏻 एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश —
“अभिभावक अपने बच्चों की सुरक्षा और गतिविधियों पर विशेष ध्यान रखें। बच्चों के साथ होने वाले किसी भी प्रकार के अपराध को छिपाने के बजाय तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दें, ताकि आरोपियों के खिलाफ समय रहते कड़ी कानूनी कार्रवाई कर उन्हें सजा दिलाई जा सके। महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए कानून में सख्त प्रावधान किए गए हैं। रायगढ़ पुलिस ऐसे मामलों को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए आरोपियों के विरुद्ध कठोर और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।”



