सात शासकीय उद्यान रोपणियों में किसानों, महिला समूहों और नागरिकों को वितरित किए गए फलदार एवं वानिकी पौधे
रायगढ़, जिले को हरा-भरा बनाने और पौधरोपण को जनभागीदारी से बढ़ावा देने के उद्देश्य से चलाए जा रहे ‘हरित रायगढ़’ अभियान के तहत 10 सितंबर को जिले की सात शासकीय उद्यान रोपणियों में निःशुल्क पौध वितरण किया गया। अभियान के दौरान किसानों, महिला समूहों एवं नागरिकों को विभिन्न प्रजातियों के कुल 11 हजार 803 फलदार एवं वानिकी पौधे वितरित किए गए।
पौध वितरण के दौरान किसानों और ग्रामीणों को आम, अमरूद, सीताफल, पपीता, कटहल, नींबू, जामुन, मुनगा, आंवला और करोंदा सहित विभिन्न फलदार पौधे उपलब्ध कराए गए। इसके साथ ही शीशम, खम्हार और पीपल जैसे वानिकी पौधों का भी वितरण किया गया। अभियान का उद्देश्य पौधरोपण को बढ़ावा देने के साथ किसानों को फलोत्पादन से जोड़ना और जिले के हरित क्षेत्र का विस्तार करना है।

सात रोपणियों में हुआ पौध वितरण
अभियान के तहत तमनार स्थित शासकीय उद्यान रोपणी से 2 हजार 585, अंजोरीपाली से 800, कुंजारा लैलूंगा से 3 हजार 464, घरघोड़ा से 1 हजार 76, बोइरदादर से 2 हजार 250 तथा बाघाडोला पुसौर से 1 हजार 628 पौधों का वितरण किया गया। कुंजारा लैलूंगा की रोपणी से कटहल, अमरूद, सीताफल, नींबू, जामुन और पीपल सहित विविध प्रजातियों के 3,464 पौधे वितरित किए गए। इसी तरह बोइरदादर से अमरूद और सीताफल के साथ आम, मुनगा, कटहल, आंवला एवं करोंदा के पौधे किसानों को दिए गए।
किसानों और महिला समूहों की भागीदारी
तमनार विकासखंड के बासनपाली स्थित शासकीय उद्यान रोपणी में किसानों एवं महिला समूहों को फलदार पौधों का वितरण किया गया। कार्यक्रम में जनपद पंचायत तमनार की उपाध्यक्ष श्रीमती गायत्री बेहरा, ग्राम पंचायत बासनपाली के सरपंच सहित कृषक उपस्थित रहे। लैलूंगा के कुंजारा में आयोजित कार्यक्रम में कृषि स्थाई समिति की सभापति श्रीमती सौभागी दशरथ गुप्ता, श्री ललित प्रधान, ग्राम पंचायत कुंजारा की सरपंच श्रीमती सुषमा भगत सहित कृषकगण मौजूद रहे। वहीं घरघोड़ा स्थित शासकीय उद्यान रोपणी में कृषि स्थाई समिति की सभापति श्रीमती बरतकुमारी चौहान एवं ग्राम पंचायत भेंद्रा के सरपंच श्री हेमसिंह राठिया की उपस्थिति में फलदार एवं छायादार पौधों का वितरण किया गया।
पौधरोपण के साथ संरक्षण पर भी जोर
उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नागरिकों को केवल पौधरोपण तक सीमित न रहते हुए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। प्रत्येक नागरिक अपने घर, खेत, बाड़ी, विद्यालय, संस्थान अथवा अन्य उपयुक्त स्थानों पर पौधा लगाकर उसकी जिम्मेदारी भी निभाए।


