रोजमर्रा की जिंदगी में बाजार से सामान खरीदते समय हमें कई बार छुट्टे पैसे या 100 के नोट मिलते हैं। बाजार में नकली करेंसी का प्रसार बढ़ने के कारण अक्सर आम लोगों के मन में यह शंका पैदा हो जाती है कि उनके हाथ में आया नोट वैध है या नहीं। आजकल जालसाज इतनी बारीकी से नकली नोट तैयार करते हैं कि सामान्य तौर पर अंतर कर पाना मुश्किल हो जाता है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने 100 रुपये के नोट की पहचान के लिए कई सुरक्षा फीचर्स बताए हैं, जिनकी मदद से कोई भी व्यक्ति आसानी से नोट की जांच कर सकता है। अगर आपके पास 100 रुपये का नोट है और उसकी असलियत को लेकर संदेह है, तो नीचे दिए गए सात प्रमुख संकेतों पर ध्यान दें।


अगर आपको भी किसी नोट पर संदेह हो, तो इन 7 बिंदुओं से उसकी सत्यता की जांच तुरंत कर सकते हैं:
1. लाइट के सामने सी-थ्रू रजिस्टर:
नोट के एक विशेष हिस्से में ‘सी-थ्रू रजिस्टर’ तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है। जब आप नोट को रोशनी के सामने लाकर देखेंगे, तो वहां आपको पारदर्शी रूप से अंकों में ‘100’ लिखा हुआ नजर आएगा।
2. देवनागरी में अंकित मूल्य:
भारतीय मुद्रा की खासियत है कि इस पर अंतरराष्ट्रीय अंकों के अलावा देवनागरी लिपि में भी ‘१००’ साफ-साफ अंकित रहता है। नकली नोट बनाने वाले अक्सर इस बारीक हिस्से को सही से कॉपी नहीं कर पाते।
3. राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की वाटरमार्क इमेज:
नोट के अग्रभाग के मध्य में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का बेहद स्पष्ट और उच्च गुणवत्ता वाला चित्र प्रिंटेड होता है। संदिग्ध नोटों में यह तस्वीर अक्सर धुंधली या मिस-अलाइन्ड दिखाई देती है।
4. रिजर्व बैंक का लोगो और गवर्नर के साइन:
नोट के राइट साइड में आरबीआई गवर्नर के आधिकारिक हस्ताक्षर, धारक को भुगतान करने का वचन और भारतीय रिजर्व बैंक का ट्रेडमार्क सील बिल्कुल साफ और सटीक छपा होता है।
5. अशोक स्तंभ का राष्ट्रीय चिन्ह:
सुरक्षा के लिहाज से नोट के एक तरफ अशोक स्तंभ का राष्ट्रीय प्रतीक चिन्ह दिया गया है। इसकी प्रिंटिंग काफी बारीक और स्पष्ट होती है, जिसे ध्यान से देखकर परखा जा सकता है।
6. टॉप-लेफ्ट में दर्ज यूनिक नंबर:
नोट के ऊपरी बाएं कोने पर एक विशिष्ट सीरियल नंबर पैनल होता है। इस पैनल में लिखे अंकों का आकार, दूरी और फ़ॉन्ट एकदम मानक रूप में होते हैं।
7. बॉटम-राइट का सीरियल नंबर:
ठीक इसी प्रकार का हूबहू सीरियल नंबर नोट के निचले दाहिने हिस्से में भी मुद्रित रहता है। असली नोट में दोनों स्थानों पर छपे नंबर, उनके रंग और प्रिंट की क्वालिटी में रत्ती भर भी अंतर नहीं होता।



