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पशु मालिकों क़ो अपने पशुओं क़ी सुरक्षा व रखरखाव क़ी लेनी होगी जिम्मेदारी

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Animal owners will have to take responsibility for the safety and maintenance of their animals

राष्ट्रीय एवं राज्य मार्ग पर आवारा व घुमन्तु पशुओं के प्रबंधन हेतु स्थानीय समन्वय पर जोर

Ro.No - 13759/82

ब्लैक स्पॉट चिन्हांकित कर लगाए जाएंगे संकेतक

स्वच्छ सर्वेक्षण में बेहतर प्रदर्शन हेतु लोगों क़ो किया जाएगा जागरूक

सौरभ बरवाड़/बलौदाबाजार– 18 जुलाई 2025 / कलेक्टर दीपक सोनी क़ी अध्यक्षता में गुरुवार क़ो सड़क सुरक्षा, घुमन्तु पशुओं के प्रबंधन एवं स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 ग्रामीण के सम्बन्ध में जिला पंचायत सभाक़क्ष में जिला स्तरीय बैठक क़ा आयोजन किया गया। बैठक में पशुओं के कारण होने वाले सडक दुर्घटना पर नियंत्रण हेतु प्रथम चरण में राष्ट्रीय राजमार्ग एवं राज्य मार्ग के समीप स्थित 52 ग्राम पंचायतों में घुमन्तु पशुओं के प्रबंधन एवं पशु मालिकों द्वारा अपने पशुओं क़ी सुरक्षा व रखाव पर विस्तृत चर्चा क़ी गई।

कलेक्टर श्री सोनी ने कहा कि राष्ट्रीय एवं राजकीय मार्ग में पशुओं के विचरण एवं बैठने के कारण सड़क सडक दुर्घटना बढ़ रही है जिसमें कभी- कभी जनहानि एवं पशुहानि भी हो जाती है। यह एक गंभीर समस्या है और इसके समाधान के लिए जिला प्रशासन, स्थानीय प्रशासन, पशुमालिक एवं स्वयं सेवी संगठनो का आपसी समन्वय आवश्यक होग़ा। राष्ट्रीय राजमार्ग और राजकीय राजामार्ग में पशुओं के कारण सड़क दुर्घटना नियंत्रण के लिए प्रथम चरण में इन मार्गो के पास स्थित 52 ग्राम पंचायतों का चिन्हांकन किया गया है। इन पंचायतों में पशु मालिकों क़ो अपने पशुओं क़ी सुरक्षा व देखभाल की जिम्मेदारी लेनी होगी। पंचायत एवं पशु मालिक आपसी समन्वय पर पशुओं क़ो चराने ले जाने क्षेत्र निर्धारित करें एवं चराने के लिए पशु मितान क़ी ब्यवस्था करें। जो पशु मालिक अपने पशुओं क़ो सड़क पर छोड़ेंगे उन पर जुर्माना लगाएं। उन्होंने बताया कि 4 से 5 ग्राम पंचायतों के लिए एक काऊ कैचर क़ी व्यवस्था क़ी जाएगी जिससे सड़क से पशुओं क़ो हटाकर अन्य स्थान ले जाया जा सके।

कलेक्टर ने राष्ट्रीय राजमार्ग एवं राजकीय मार्ग में ऐसे स्थान जहां पशुओ के बैठने या विचरण पर ज़्यदा दुर्घटना होते है उनको ब्लैक स्पॉट चिन्हांकित कर उपयुक्त स्थान पर रेडियम संकेतक लगाने कहा। उन्होंने घुमन्तु एवं निराश्रित पशुओं के प्रबंधन के लिए स्थानीय स्तर पर पंचायत, गौशाला एवं स्वयं सेवी संस्थाओं के माध्यम से पशुओं के लिए चारा व विश्राम के लिए आवश्यक व्यस्था करने पर जोर दिया। कलेक्टर श्री सोनी ने पशु चिकित्सा विभाग द्वारा घुमन्तु पशुओं पर लगाए रहे रेडियम बेल्ट क़ी समीक्षा करते हुए कहा कि पशुओं क़ो रेडियम बेल्ट पहनाने एवं टैगिंग के लिए कार्ययोजना बनाएं। नोडल अधिकारियों क़ो 4 से 5 गांवआवंटित कर जिम्मेदारी दें एवं उनका मोबाइल नंबर पंचायत क़ो दें। गांव में पशु सखी क़ो सक्रिय करें, क़ृषि समिति क़ी बैठक लें। उन्होने घुमन्तु पशु प्रबंधन में बेहतर कार्य करने पर पंचायतों क़ो सम्मानित करने कहा। इस दौरान एनएच के अधिकारी ने बताया कि सड़क पर विचारण करने वाले पशुओं के रखरखाव के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग द्वारा अवश्यक व्यवस्था किया जायेगा जिसमें सड़क किनारे आश्रय एवं चारे क़ी व्यवस्था शामिल है।

स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 ग्रामीण अंतर्गत जिले का बेहतर रैंक हो इसके लिए ग्राम पंचायतों में साफ सफाई के लिए लोगों क़ो प्रोत्साहित करने जागरूकता अभियान चलाने कहा गया। शौचालयों का सतत उपयोग, सामुदायिक शौचालयों का रखरखाव, डोर टू डोर कचरा संग्रहण तथा लोगों क़ी प्रतिक्रिया क़ो भी विशेष महत्व देने के निर्देश दिये गए। स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण जून 2025 से शुरु हो गया है

बैठक में सीईओ जिला पंचायत सुश्री दिव्या अग्रवाल, उप संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. नरेंद्र सिंह सहित सरपंच, सचिव, गौशाला संचालक उपस्थित थे।

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